नगवाईं। राजकीय महाविद्यालय पनारसा में जलवायु परिवर्तन एवं नशा मुक्ति विषय पर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम दो सत्रों में आयोजित हुआ, जिसमें विद्यार्थियों को पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया गया।
कार्यक्रम के प्रथम सत्र में हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय की एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. मीना चौधरी ने विद्यार्थियों को जलवायु परिवर्तन के कारणों और इसके पर्यावरण एवं मानव जीवन पर पड़ने वाले प्रभावों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण, पर्यावरण संतुलन बनाए रखने और पर्यावरण के प्रति व्यक्तिगत जिम्मेदारी निभाने पर जोर दिया। उन्होंने विद्यार्थियों से पर्यावरण संरक्षण को अपनी दैनिक जीवनशैली का हिस्सा बनाने का आह्वान किया।
द्वितीय सत्र में नशा मुक्त युवा एवं विकसित भारत अभियान के तहत नशा मुक्ति विषय पर भाषण प्रतियोगिता आयोजित की गई। प्रतियोगिता में सात विद्यार्थियों ने भाग लेते हुए नशे के दुष्प्रभावों पर अपने विचार रखे और युवाओं को नशे से दूर रहने का संदेश दिया।
भाषण प्रतियोगिता में धनवंती ने प्रथम, दमेश्वरी ने द्वितीय तथा रोहिणी ने तृतीय स्थान हासिल किया। विद्यार्थियों ने अपने भाषणों के माध्यम से नशे के कारण होने वाले सामाजिक, मानसिक और शारीरिक दुष्प्रभावों को रेखांकित करते हुए स्वस्थ एवं नशामुक्त जीवन अपनाने की अपील की।
इस अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. उरसेम लता सहित अन्य स्टाफ सदस्य उपस्थित रहे। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में जलवायु परिवर्तन, पर्यावरण संरक्षण और नशा मुक्ति के प्रति जागरूकता पैदा करना रहा।
If you need any old news please select this date then find.
If you need important news in your email please subscribe for newsletter.
©2026 Snower Samachar. All Rights Reserved. Developed by Artisans Labs